सन्मार्ग लाइव
सनसनी नहीं, सटीक खबर

अर्थशास्त्रियों ने कहा, प्रभावित क्षेत्र को दूसरे दौर के राहत पैकेज की है जरूरत |

- sponsored -

नई दिल्ली : सार्वजानिक क्षेत्र के बैंक भारतीय स्टेट बैंक के अर्थशास्त्रियों ने कोरोना मह्मारी के कारण प्रभावित सेक्टर्स के लिए दूसरे दौर के आर्थिक पैकेज की जरूरत बताते हुए कहा है कि अर्थव्यवस्था अभी भी पटरी पर नहीं आई है, शेयर बाजारों में दिख रही तेजी को अर्थव्यवस्था में सुधार के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि सितंबर के बाद किश्तों के भुगतान पर रोक की अवधि समाप्त हो होगी तब बढ़े हुए एनपीए के आंकड़े बैंक जारी कर सकते हैं।

उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी आते ही शेयर बाजारों में तेज गिरावट आई थी, लॉकडाउन के कारण काम धंधे ठप्प हो गए थे, लेकिन जैसे जैसे लॉकडाउन हटा और अर्थव्यवस्था धीरे धीरे खुली शेयर बाजारों में तेजी आने लगी। रक तरफ शेयर बाजारों में तेजी देखने को मिल रही है तो वहीँ दूसरी तरफ रेटिंग एजेंसियां जीडीपी के नकारात्मक रहने की बात कह रही हैं। अर्थशास्त्रियों का कहना है कि शेयर बाजारों में तेजी और आर्थिक स्थिति में सुधार को एक साथ नहीं देखा जाना चाहिए।

उनका कहना है सिर्फ कृषि क्षेत्र में वृद्धि को जीडीपी ग्रोथ नहीं माना जा सकता। प्रभावित क्षेत्रों की सहायता के लिए दूसरे दौर के आर्थिक पैकेज के बारे में सरकार को जल्द विचार करना चाहिए।

- Sponsored -

- Sponsored -

- Sponsored

- Sponsored -