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संजय सर्राफ ने कहा सरकारी स्कूलों की सुधार से प्राइवेट स्कूलों में भीड़ कम होगी

Sanjay Saraf said that reform of government schools will reduce congestion in private schools

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रांची झारखंड अभ्यास सेवा समिति के प्रदेश अध्यक्ष संजय सर्राफ एवं ऑल इंडिया लॉयर्स फोरम के प्रदेश अध्यक्ष दीपेश निराला ने झारखंड के मुख्यमंत्री को पत्र प्रेषित कर संयुक्त रूप से कहा है कि विगत कुछ महीनों से COVID-19 के मद्देनजर झारखंड के माननीय शिक्षा मंत्री जी का प्राइवेट स्कूलों के 3 महीना फीस माफी मुद्दे पर प्रेस-मीडिया और सोशल मीडिया में काफी हो हल्ला चल रहा है, लेकिन आज तक कोई ठोस उपाय नहीं निकला और ना ही फीस माफ हुआ। बेबसी और कमजोरी जैसे शब्दों से सरकार-प्रशासन नहीं चलते हैं, क्योंकि पड़ोसी राज्य बिहार के अलावे कई राज्यों में 2 महीने का स्कूल फीस पूर्ण रूप से माफ कर दिया है। अब जरूरत है पहल करने की. झारखंड राज्य में जितने भी अधिकारी और कर्मचारी कार्यरत हैं जिनको सरकारी वेतन और भत्ता प्राप्त होता है, उनके बच्चों को राज्य सरकार द्वारा चलाए जा रहे सरकारी स्कूल में भेजने की जरूरत है, जिससे सरकारी स्कूलों की गुणवत्ता में सुधार आएगी और प्राइवेट स्कूलों में भीड़ कम होगी। सरकारी स्कूल में तो फीस और अन्य खर्चे भी नगण्य हैं। अतः मेरा झारखंड सरकार के शिक्षा मंत्री जी से आग्रह है कि प्राइवेट स्कूलों की फीस माफी का मामला अब छोड़िए और आदेश निकालने की कृपा करें कि तमाम राज्य के अधिकारियों और कर्मियों के लिए कि वे अपने बच्चों को झारखंड सरकार द्वारा चलाए जा रहे हैं विद्यालयों में नामांकन कराएं और शिक्षा उपलब्ध कराएं। आखिर क्यों करोड़ों-करोड़ रुपए प्रति वर्ष शिक्षा के मद में खर्च होता है इन सरकारी स्कूलों के लिए ?

शिक्षा की व्यवस्था से समान शिक्षा स्तर बुरी तरह प्रभावित हुआ है

बहुत से प्राइवेट स्कूल अभी ऐसे हैं जो अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रहे हैं और केवल आत्मनिर्भरता और स्वालंबन के कारण वह लोग मोहल्ले में और किराए के मकानों में स्कूल चला रहे हैं. उनकी फीस भी बहुत कम है लेकिन फिर भी इन्हें सरकारी स्कूल और बड़े प्राइवेट स्कूलों के बीच में पिसना पड़ता है। अतः सरकार की मंशा साफ होनी चाहिए. अपने सभी नागरिकों के लिए ग्रामीण क्षेत्र और गरीबों के लिए अलग शिक्षा की व्यवस्था और अमीरों के लिए अलग शिक्षा की व्यवस्था से समान शिक्षा स्तर बुरी तरह प्रभावित हुआ है।

 

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